उद्धरण - 743

लेकिन फिर मां के चेहरे पर आए असुविधा भरे भाव को देखकर उसने भी जान लिया कि अब मां इतनी दूर आ चुकी है कि उसकी खुद की मर्जी से उसका परिचय तक खत्म हो गया है- दूर कभी बचपन में बने और बिछड़ गए किसी की तरह।

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