उद्धरण - 611

आप अगर डरतें हैं कि मैं पीछे पुस्तक पर अपना लेखकत्व का अधिकार जमाना चाहुंगा, तो यह डर निर्मूल है। प्रकाशन के बाद पुस्तक में कुछ रहेगा, जिस पर मैं अधिकार जमाना चाहुंगा या जिसका मैं उत्तरदायी भी हूँगा, ऐसा भरोसा मुझे नहीं है। मैंने तो पुस्तक कुँए में डाल दी- और मुण्डेर पर पड़े हुए साठ रूपये उठा लिए।

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